Friday , December 14 2018
Home > Sports > पुरुषों के साथ-साथ महिला क्रिकेट टीम का भी भविष्य सुनहरा है

पुरुषों के साथ-साथ महिला क्रिकेट टीम का भी भविष्य सुनहरा है

दक्षिण अफ्रीका के दौरे पर जहां एक तरफ विराट कोहली की सेना ने वनडे और टी-20 सीरीज को अपने नाम कर दोहरा रिकॉर्ड बना दिया है तो वहीं विमेन टीम ने भी रिकॉर्ड बनाने में कोई कमी नहीं छोड़ी है। सिर्फ अफ्रीका का दौरा ही क्यों पिछले लंबे अरसे से विमेन टीम लगातार पूरे देश को गर्व कराती आ रही है। जहां विमेन टीम ने भी पुरुषों की तरह दक्षिण अफ्रीका को इस दौरे पर मेजबानों को बुरी तरह से हराकर वन डे और टी-20 सीरीज को अपने नाम किया।

अभी पिछले ही साल ये महिला टीम ने एकदम से पूरे देश का ध्यान अपनी तरफ खींच लिया था। जिसकी वजह थी विश्व कप। ये विश्व कप टीम इंडिया के लिए इसलिए खास रहा क्योंकि इसमें महिला टीम उपविजेता बनी थी। जहां पर फाइनल मैच एक समय पूरी तरह से टीम इंडिया की मुट्ठी में था, लेकिन टीम फाइनल में अनुभव की कमी होने की वजह से सिर्फ 9 रनों से हार गई।

इसके अलावा विमेन ब्रिगेड ने हर बार की तरह एक बार फिर से एशिया कप का खिताब भी अपने नाम किया और विमेन इन ब्लू साल 2004 से शुरू हुए एशिया कप के सभी 6 खिताबों को जीतने वाली टीम भी बनी है। साफ तौर पर देखा जाए तो एशिया में उन्हें चुनौती देने वाली अभी तक कोई भी टीम पैदा नहीं हो पाई है।

भारतीय महिला क्रिकेट टीम के इतिहास और उसके आंकड़ों पर एक नजर

साल 1976 में भारतीय महिला टीम ने वेस्ट इंडीज के खिलाफ पहला टेस्ट मैच खेला था और क्रिकेट में अपने कदम रखे थे। तब से लेकर अब तक विमेन टीम ने कुल 36 टेस्ट मैच खेले हैं। जिसमें भारतीय टीम ने 5 जीते हैं, जबकि 6 मैचों में हार का सामना करना पड़ा है और वहीं बाकि के 25 मैच ड्रा रहे हैं। तो वहीं वन डे क्रिकेट में टीम ने अब तक 251 मैच खेले हैं, जिनमें से 138 मैचों में जीत मिली है और 108 मैतों में टीम को हार का सामना करना पड़ा है।

इसके अलावा आपको बता दें कि विमेन टीम ने अब तक 9 बार विश्व कप में हिस्सा लिया है और 2 बार साल 2005 और साल 2017 में फाइनल तक का सफर तय किया है। हालांकि दोनों ही बार टीम को फाइनल में हार का सामना करना पड़ा है। वहीं टी-20 में टीम ने अब तक 77 मैच खेले हैं और इनमें से 39 मैचों में टीम के हाथ जीत ही लगी है तो वहीं 37 मैच भारतीय महिला टीम हार गई और 1 मैच का कोई नतीजा नहीं निकला है। टी-20 विश्व कप में टीम का प्रदर्शन कोई खास नहीं रहा है। टीम ने 5 बार विश्व कप में हिस्सा लिया लेकिन एक बार भी फाइनल तक का सफर तय नहीं कर पाई। 2 बार टीम सेमी फाइनल तक ही पहुंच पाई।

महिला क्रिकेट में वन डे में सबसे ज्यादा रन बनाने और सबसे ज्यादा विकेट लेने के दोनों रिकॉर्ड टीम इंडिया के ही खाते में हैं। जहां मिताली राज ने अब तक सबसे ज्यादा 6259 रन बनाए हैं तो वहीं झूलन गोस्वामी ने भी सबसे ज्यादा 200 विकेट लिए हैं। भारत की तरफ से टेस्ट मैचों में सर्वाधिक रन बनाने का रिकॉर्ड संध्या अग्रवाल के नाम है जिन्होंने 1110 बनाए हैं। जबकि सबसे ज्यादा टेस्ट मैचों में विकेट लेने का रिकॉर्ड पूर्व भारतीय कप्तान डायना एडुलजी की 63 विकेटों के साथ उनकेे नाम है।

हाल ही में विमेन इन ब्लू के सफल होनेे का सबसे बड़ा राज है टीम के अनुभवी और युवा खिलाड़ियों का मिश्रण। अनुभवी बल्लेबाज मिताली राज टीम की बल्लेबाजी की रीढ़ है ऐसा माना जाता है कि वो एक छोर अकेले सम्भाल कर के रख सकती हैं, दूसरे छोर से बाकी बल्लेबाज आक्रमक बल्लेबाजी करते हैं।

जहां मिताली टीम को संतुलन देती है तो वहीं टी-20 टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर टीम को बल्लेबाजी में गति प्रदान करने में माहिर मानी जाती है। टीम की सलामी बल्लेबाज स्मृति मंधाना और वेदा कृष्णमूर्ति भी अपने बल्ले से आक्रामक तेवर अपनाने में कोई कमी नहीं छोड़ती है। जिसके बाद आल राउंडर में झूलन गोस्वामी, शिखा पांडे, दीप्ति शर्मा और अनुजा पाटिल के मौजूद होने से टीम को एक अलग ऊर्जा मिल जाती है। वहीं एकता बिष्ट और राजेश्वरी गायकवाड़ के हाथों में टीम की स्पिन गेंदबाजी की कमान रहती है।

गौरतलब है कि अच्छे प्रदर्शन के बावजूद भी महिला टीम को पुरुष टीम की तरह उतने मैच, सुविधाएं और तवज्जो नहीं दी जाती है। इसको आप इस बात से समझ जाएंगे की महिला टीम ने अपना आखिरी टेस्ट मैच साल 2014 में खेला था। उसके बाद टीम ने कोई टेस्ट मैच नहीं खेला है। गौरतलब है कि अब स्थिति में परिवर्तन आ रहा है। महिला क्रिकेट के बारे में अब चर्चाएं होने लग गई हैं, महिला खिलाड़ियों को लोग पहचानने लगे हैं और उन्हें प्रोत्साहन भी मिल रहा है।

अब ऐसे में उम्मीद तो यही की जा सकती है कि विमेन इन ब्लू ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड जैसी मजबूत टीमों को टक्कर देने में सफल रहेंगी और अगला विश्व कप और टी-20 विश्व कप भारत की झोली में आएगा और ये सपना भी पूरा होगा।

ये भी पढ़ें

IPL XI: आईए नजर डालें उस प्लेइंग इलेवन पर जिन्हें किसी भी टीम में जगह नहीं मिल पाई है

IPL के 11 वें सीजन की नीलामी में इस बार कुछ अलग ही मंजर देखने …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *